Skip to product information
1 of 1

Indica Publishers

Lakshmi Prapti ke Siddh Upaya [Hindi]

Lakshmi Prapti ke Siddh Upaya [Hindi]

Regular price ₹ 149.00
Regular price ₹ 175.00 Sale price ₹ 149.00
Sale Sold out
Shipping calculated at checkout.
Quantity

Item Code: KAB1721

वैदिक  काल से लेकर वर्तमान काल तक लक्ष्मी का स्वरूप अत्यंत व्यापक रहा है। ऋग्वेद की ऋचाओं में श्री का वर्णन  समृद्धि एवं सौदर्य के रूप में अनेक बार हुआ है |अथर्वेद में ऋषि पृथ्वी सूक्त में " श्री " की प्राथना करते हुए कहते हैं  " श्रिया मां धेहि " अर्थात मुघे " श्री " की सप्राप्ति हो |

देवी मां लक्ष्मी सम्पूर्ण ऐश्वर्य, चल, अचल सम्पत्ति, यश, कृर्ति एवं सकल सुख-वैभव देने वाली साक्षात्‌ जगत्‌ माता

नारायणी हैं। श्री गणेश जी समस्त विधघ्नों के नाशक, अमंगलों को दूर करने वाले, सद्विद्या एवं बुद्धि के दाता हैं। कार्तिक अमावस्या अर्थात्‌ दीपावली के दिन इनकी संयुक्त पूजा-अर्चना करने से कुट॒म्ब-परिवार में धन-सम्पत्ति का सुख चिरकाल तक बना रहता है।

 ओम गुरु मां कहती हैं “किसी पर्व विशेष पर किए गए उपाय का सम्पूर्ण लाभ  प्राप्त होता है, क्योंकि उस दिन ग्रह की रशिमयां अधिक मात्रा में पृथ्वी पर आती हैं  जिससे उनका महत्व अधिक हो जाता है। जैसी श्री शनि दोष निवारण के लिए श्री शनैश्चरी अमावस्या का विशेष महत्व है, राहु के दोष निवारण हेतु सूर्य या चन्द्र ग्रहण | का काल, नागपंचमी तथा शिवरात्रि का समय महत्वपूर्ण होता है, उसी प्रकार धन संबंधी दोष के निवारण के लिए पंचपर्व दीपावली का विशेष महत्व है। धन-संबंधी दोष में सभी प्रकार के दोष शामिल हो जाते हैं, जैसे धन का आगमन वांछित मात्रा में के न होना, धन का आगमन है, परंतु घर में एकत्र न हो पाना, कर्ज से मुक्ति न हो पाना, रुका हुआ धन प्राप्त न हो पाना, धन का सदुपयोग न होकर व्यर्थ में इधर-उधर बीमारी या मुकदमे आदि में खर्च हो जाना, हर तरह के प्रयास के बावजूद बहुत से लोगों को वांछित धन की प्राप्ति नहीं हो पाती। ऐसे में दीपावली के पंचपर्वों पर ओम्‌ गुरु मां के सुझाए सुझावों पर इस महत्वपूर्ण रात्रि में अनेक सिद्ध मंत्रों तथा विशेष देव पूजन, अनुष्ठान द्वारा यंत्र-मंत्र-तंत्र सिद्ध किए जाने पर वे अपरिमित शक्ति सम्पन्न हो जाते हैं, यदि श्रद्धा और विश्वास के साथ उन साधनाओं को प्रयोग में लाया जाए तो सिद्धि निश्चित ही प्राप्त हो सकती है। ऐसा हमारा विश्वास है। आपके लिए इस पुस्तक में कष्टों के हरण हेतु 108 दिव्य प्रयोगों/उपायों को सरल विधि से बताया गया है साथ में मां श्री लक्ष्मी को प्रसन्‍न करने हेतु आरती, स्तोत्र, मंत्र और दीपावली के अवसर पर करने वाले प्रयोग/उपाय दिए गए हैं। सुख-वैभव देने वाली साक्षात्‌ जगत्‌ माता नारायणी आपके संकटों को हर कर सुख-समृद्धि के द्वार खोलें और आप अपार सम्पत्ति के स्वामी बनें, ऐसी हमारी कामना है।

Author
Language
ISBN
View full details