Call Us: +91 99581 38227

From 10:00 AM to 7:00 PM (Monday - Saturday)

Sammohan Ek Vardaan
  • SKU: KAB1003

Sammohan Ek Vardaan

Rs. 111.00 Rs. 130.00
Shipping calculated at checkout.

सम्मोहन    :   एक वरदान 

सद्गुरु ओशो के अनुसार आत्म- सम्मोहन की कला सम्पूर्ण मानवता के लिए बहुत बड़ा वरदान बन सकती है - न केवल सासारिक, बल्कि 

आध्यात्मिक सफलता पाने में भी I वे कहते है- 'जिस दिन आप स्वयं को सम्मोहित कर सकेंगे ;वह बहुत ही महान दिन होगा, एक बहुमूल्य 

 वस्तु प्राप्त हो जायेगी I तब आप इसके द्वारा, स्वयं के साथ चमत्कार कर सकते है I जिन चीजो को आप सदा से बदलने की कोशिश कर रहे 

थे, उन्हे आप सफलता से बदल सकेंगे I 

आपने बहुत बार तय किया है कि यह आदत बदलूं या वह संस्कार परिवर्तन करू, और हमेशा असफल हुए, क्योकि निर्णय सदा चेतन मन में 

पड़ा रह जाता है और क्रिया सदा अवचेतन मन से प्रेरित होती है - दोनों कभी मिल ही नहीं पाते I अवचेतन मन कभी नहीं सुन पाता जो कि 

 चेतन मन ने तय किया है I चेतन मन अवचेतन को नियंत्रित नहीं कर पाता, क्योकि अवचेतन मन विराट, बहुत विस्तृत है I चेतन मन सतह 

 पर छोटा सा खंड है I 

सम्मोहन का रहस्य यह है कि वह आपको अवचेतन तक ले जाता है और तब आप अवचेतन में किसी भी प्रकार का बीज बो सकते है, जो 

 विकसित होगा, पल्लवित-पुष्पित होगा I ये फूल चेतन मन में खिलेंगे परंतु  इनकी जड़े अवचेतन में होगी I 

इसके द्वारा आप जीवन में अप्रत्याशित परिवर्तन ला सकते है - और केवल साधारण -सी सांसारिक बातो में ही नहीं, क्रमश: अध्यात्म की 

 राह में भी बहुत सहयोग प्राप्त कर सकते है I ध्यान साधना हेतु एक सुगम मार्ग बन जाएगा I 

मनुष्य के आध्यात्मिक विकास के लिए, मैं नहीं सोचता कि सम्मोहन से बेहतर कुछ और हो सकता है I

RELATED BOOKS

RECENTLY VIEWED BOOKS

BACK TO TOP